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गाजियाबाद। जिला एमएमजी अस्पताल के एक डॉक्टर पर उसके द्वारा बताई गई दुकान से उपकरण नहीं लाने पर आॅपरेशन नहीं करने का आरोप लगा है। मरीज के घरवालों ने सीएमओ, सीएम और पीएम से मामले की शिकायत की है। अस्पताल के सीएमएस ने मामले की जानकारी होने से इनकार किया है।दरअसल, कुछ दिन पहले एक हादसे में विजयनगर में रहने वाले सुभाष चंद के कूल्हे में गंभीर चोट आ गई थी। उन्होंने जब जिला एमएमजी अस्पताल में दिखाया तो उन्हें आॅपरेशन की सलाह दी गई। आरोप है कि डॉक्टर ने आॅपरेशन के लिए कुछ उपकरण बाहर से मंगवाए थे। इसके लिए एक दुकान का पता भी बताया गया था। सुभाष के घरवालों ने जब बताई गई दुकान पर उपकरण के दाम पता किया तो 50 हजार रुपये बताए गए, जबकि वही उपकरण दूसरी दुकान पर 14 हजार में ही मिल रहे थे। इसलिए उन्होंने दूसरी दुकान से उपकरण लिए। उन्होंने बताया कि अस्पताल में डॉक्टर ने उपकरण देखकर उन्हें लगाने से मना कर दिया और कहा कि बताई गई दुकान से उपकरण आएगा, तभी आॅपरेशन होगा। इस पर सुभाष के घरवालों और डॉक्टर के बीच बहस भी हुई। मौके पर दुकानदार को भी बुलाया गया था।कुल खर्च भी अधिक बताए गए थेएमएमजी में आॅपरेशन करने से मना करने पर सुभाष को निजी नर्सिंग होम में ले गए जहां उन्हीं उपकरणों से आॅपरेशन किया गया। इतना ही नहीं इलाज में कुल खर्च 51 हजार रुपये आए, जबकि एमएमजी अस्पताल में 70-75 हजार रुपये बताए गए थे।...पर अफसरों को पता ही नहींजिला अस्पताल के सीएमएस रविंद्र राणा के अनुसार सरकारी अस्पताल में जो उपकरण नहीं होते हैं, उन्हें बाहर से मंगवाया जाता है, लेकिन इसके लिए खास दुकान के बारे में नहीं कहा जाता है। यदि ऐसा हुआ है तो बेहद गंभीर है। फिलहाल इस मामले की जानकारी मुझे नहीं है। जांच के बाद ही कुछ कह सकता हूं।.